कश्मीर में 4 दिन में 500 झड़प: अब तक 32 की मौत, 1400 से ज्यादा घायल

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श्रीनगर/इस्लामाबाद/मुजफ्फराबाद. हिजबुल मुजाहिदीन के आतंकी बुरहान वानी की मौत के बाद कश्मीर में चौथे दिन भी हालात तनावपूर्ण हैं। हिंसा में मरने वालों का आंकड़ा 32 तक पहुंच गया है। घायलों की संख्या 1400 से ज्यादा है। सिक्युरिटी फोर्सेस और प्रदर्शनकारियों के बीच अब तक 500 से ज्यादा बार झड़प हो चुकी है। वहीं, नरेंद्र मोदी कैबिनेट की दिल्ली में कश्मीर के हालात पर हाईलेवल मीटिंग की। राजनाथ सिंह ने भी कश्मीर के हालात को देखते हुए अपना अमेरिका दौरा कैंसिल कर दिया है। उन्हें 17 जुलाई को यूएस जाना था। CRPF के 800 जवान और भेजे गए…
– कैबिनेट मीटिंग में राजनाथ सिंह, सुषमा स्वराज, मनोहर पर्रिकर, एनएसए अजीत डोभाल भी शामिल हुए।
– मीटिंग में पीएम ने कश्मीर के हालात पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने घाटी में शांति बनाए रखने की अपील की।
– इस मीटिंग के मद्देनजर राजनाथ सिंह ने सोमवार को सीनियर मिनिस्टर्स और अफसरों की बैठक बुलाई थी।
– राजनाथ ने कहा कि अमरनाथ यात्रा के ठीक से जारी रहे, इसके लिए सिक्युरिटी फोर्सेस को लगातार कोशिश करनी होगी।
– सूत्रों के मुताबिक, फोर्सेस से कहा गया है कि प्रदर्शनकारियों से निपटने के लिए वे जायज तरीके अपनाएं।
– राजनाथ के साथ मीटिंग में मनोहर पर्रिकर, अरुण जेटली, एनएसए अजीत डोभाल भी मौजूद थे।
– बता दें कि अफ्रीका विजिट पर गए मोदी ने अपना दौरा खत्म होने से 24 घंटे पहले ही नेशनल सिक्युरिटी एडवाइजर डोभाल को हालात संभालने के लिए भारत भेज दिया था।
अमरनाथ यात्रा शुरू
– 3 दिन से बंद अमरनाथ यात्रा शुरू हो चुकी है।
– पुलवामा में भी भीड़ ने एयरफोर्स के एयरपोर्ट पर पथराव कर आग लगाने की कोशिश की।
– डूरू में कोर्ट की बिल्डिंग फूंक दी। सोपोर तथा फ्रूट मंडी लित्तर में पुलिस चौकियां जला दीं।
– लदयार और त्राल में सीआरपीएफ कैंप और शनिवार को अनंतनाग में अमरनाथ यात्रियों के भंडारे पर हमला हुआ।
– कर्फ्यू के चलते जनजीवन पर खासा असर रहा। हालात पर काबू करने के लिए सीआरपीएफ के 800 और जवान भेजे गए हैं।
– उपद्रवियों ने अनंतनाग के बटकउट में अमरनाथ यात्रियों के भंडारे पर हमला बोल दिया। यहां पेट्रोल बम फेंककर आग लगा दी। हालांकि, कमिश्नर असगर सैमून ने इसे अफवाह बताया।
भारत ने पाक से कहा- हमारे मामलों में दखल न दें, पहले पीओके संभालें
– नवाज शरीफ ने कहा कि बुरहान की मौत से वे सदमे में हैं। उन्होंने वानी के एनकाउंटर को ‘एक्स्ट्रा ज्यूडिशियल किलिंग’ बताया। साथ ही प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई को ‘ज्यादा और गैरकानूनी बल प्रयोग’ करार दिया।
– इस पर होम मिनिस्टर ऑफ स्टेट किरण रिजिजू ने कहा, ”पाकिस्तान अपने देश में हो रहे ह्यूमन राइट्स वॉयलेशन की फिक्र करे। हमारे अंदरूनी मामलों में दखल न दे।”
– वहीं, विदेश मंत्रालय की तरफ से जारी बयान में कहा गया, ”हमने भारत के राज्य जम्मू-कश्मीर के हालात पर पाकिस्तान के बयान देखे हैं। ये बताते हैं कि पाकिस्तान का आतंकवाद से जुड़ाव जारी है और वह स्टेट पॉलिसी के तौर पर इसका इस्तेमाल करता है। हम पाक को सलाह देते हैं कि वो अपने पड़ोसियों के अंदरूनी मामलों में दखल देने से बचे।”
– वहीं, मुंबई हमलों के मास्टरमाइंड हाफिज सईद ने पाक के कब्जे वाले कश्मीर में वानी के सपोर्ट में रैली की। उसके साथ हिजबुल मुजाहिदीन का चीफ सैयद सलाउद्दीन भी था।
– इसी संगठन का कमांडर बुरहान एनकाउंटर में मारा गया है।
– दोनों देशों के बीच माहौल तब गरमा गया जब पाक ने इस्लामाबाद में इंडियन हाई कमिश्नर को तलब कर लिया।
राजनाथ ने किया था सोनिया-उमर को फोन
– सोमवार को जम्मू-कश्मीर के हालात सुधारने के लिए होम मिनिस्टर राजनाथ सिंह ने सोनिया गांधी और उमर अब्दुल्ला से फोन पर बात की।
– उमर अब्दुल्ला ने कहा, ”होम मिनिस्टर ने फोन किया था। हमने उनसे कहा कि सिक्युरिटी फोर्सेज प्रदर्शन को दबाने की ऐसी कोशिश न करें। लोगों की मौत से समस्या का हल नहीं होगा।”
– इस बीच, राजनाथ सिंह ने एक हाई लेवल मीटिंग बुलाई। इसमें एनएसए अजीत डोभाल भी मौजूद थे।
– इस दौरान फैसला लिया गया कि घाटी में रिजर्व के तौर पर सीआरपीएफ की आठ कंपनियां भेजी जाएंगी।

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